Wednesday, August 4, 2010

अ 4 ा ए द्बह्य ह्लश ... यादा "रीब भारत

अ 4 ा ए द्बह्य ह्लश ... यादा "रीब भारत
ल्टीडाय म म े <शनल पावर्टी अ स ·् ं ष्टष्ठ (श्चद्ग ए म अ ा ई ) ए ए ए ष्ठ्रश्व न ई म ए ्रश्व्र ड्डठ्ठस्र ्र॥ष्टढ्ढ ्रठ्ठह्व, ्रह्र 'रीबी ए ए स ो म ्रश्व्र ढ्ढश्व ्रहृ . ्रश्वह्र ह्लश इ अ ·् द्ग ोर्ड विश्वविद्यालय · स्र अ ं ए तर्राष्ट्रीय ष्टस्स् ्रश्व्र विभा "ष्ठ ं स युक्त राष्टï्र ए स ं स्ढ्ढ्रश्व द्बह्य शह्वह्लह्यद्बस्रद्ग य ए नडीपी साथ · स्र म ल िए बनाया ्रहृ. अ ·् टूबर 2 0 1 0 म े 'जश शह्वह्लह्यद्बस्रद्ग य ए नडीपी ए द्बह्य सालाना म ानव ष्टस्स् ए ्रश्व्र रिपोर्ट ए द्बह्य 2 0 श्वस्स्' वर्ष 'ा ं ्रश्व ्रह्र' द्बह्य, ढ्ढ ह्र्र बात ्र्रश्व म ष्ठ ख ्र्रश्व ए 'द्बह्य िए अ 4 ा ए द्बह्य ह्लश यादा ...' · स्र) रीबी भारत प्रदेशो 'म े' ए सर्वाधि ्रहृ ौर अ अ ए ो जान ्रश्व्र ए ए ो ई अ ाश्चर्य नही 'होना ाहि ए ष्ट चए उ प्रदेशो' म े 'छत्तीस' ड्डठ्ठस्र · œ म ल शा ्रिहृ. बिहार, झार ख ण् ष्ट, उ ष्ट ीसा ़, उ त्तर प्रदेश, म प्रदेश ङ्घद्गह्य, राजस्थान ए स्स् ड्डष्श्च ं म ं ब "्रश्व सहित छत्तीस 'ड्डठ्ठस्र · म े' ए सर्वाधि" रीबी ्रहृ.
इ न) रा ... ह्रह्र 'म े' ए 42 रोड · 0 1 ख ह्र ्रश्व गग रीब है', ्रह्रष्ट द्बह्य ए ए अ 4 म ा े 'स ं ह्र्र क्चक्रह्र 41 ए रोड · ्रहृ ष्ठष्ट ए न भारत ्र ए ार ष्ठ जश अ ा ं ए ष्ट ़ ्रश्व ष्टढ्ढह्र्र ्रहृ उ ्र · स्र अ नुसार वर्ष 2 0 0 4 म े 'गरीबी ष्ठ ख ा · स्र द्बह्य चे द्ग रहे ह्र' ो 'ए द्बह्य ं स क्चक्रह्र 2 7. प्रतिशत 5 ढ्ढश्व, ्रह्र अ ब ए œ · 3 7. प्रतिशत 2 · स्र ए रीब ्रह्र "ई ्रहृ. ्र ारी अ ा ं ए ए ष्ट ़ ए ष्ठ पूरे द्बस्रड्डड्ड द्बह्य "रीबी ए ा ्रठ्ठह्व ्रह्रष्ट श्चद्ग ए ए म अ ा ई अ · स्र · स्र ) नुसार भारत रा ... ह्रह्र 'म े '्रह्वद्ग ह्र्र अ ा ए ष्ट ़ ्रश्व ्रहृ. स ं युक्त राष्टï्र ्र4ष्द्ब व्यक्ति 1.25 डॉलर अ ्रह्रष्ठ प्रतिदिन र्थात 55 रु · स्र ख र्च ए ो म अ ाधार ानता ्रठ्ठह्व, ढ्ढ भारत म े 'ए ार उ ्र ह्र' शह्म् '· ो गरीबी ष्ठ ख ्रश्व द्बह्य चे म ानती ्रहृ, ष्ट्र ए ो अ ावश्य ए ्रश्र ए ढ्ढह्यह्यह्वह्य 'ए द्बह्य रत · स्र ष्टह्व ए ए ए स्स्क्त ए ा भोजन नही' िम ल ्र्रश्व रहा ्रह्र.
क्कद्ग ए म ा ई अ ष्ठ इ ई म े म ्रश्व्र 'शिक्षा, स्वास्थ, द्बठ्ठ ्रष्टढ्ढ ौर उ पलब्ध सेवा अ ्रश्वष्ठ अ' ए ो म ल िए शा िक्चक्रह्र ्रहृ यो' ि·् ए अ ्रश्वह्र · स्र अ ाधार ्र "रीबी ए ो म प ं ापना ह्रस्स् नही ं ्रहृ. भारत ्र ार द्वारा नियुक्त ए ्रष्ट ं म स्वय ह्वह्य श्वस्ष्ठक्क ार ए ए ए िरती ्रहृ हर तीसरा भारतीय दरि ्रता द म े 'ए जीवन व्यतीत रहा ्रहृ. अ ब यही 'विरोधाभास ढ्ढष्ठष्ट ख यष्ठ प्रधान म िए ं अ · स्र 9 श्वश्वश्व ार्थि ए ए सलाह ार परिषद · स्र अ पूर्व ह्यश4 सुरेश ते'दुल ए · स्र नेतृव वाले विशेष ज्ञ् स म ा ्रश्व ए ा ए ए द्बस्रड्डड्ड हना ्रहृ िम े 'गए राबी द्बह्य तादाद म े' 1 0 ए प्रतिशत द्बह्य स्स्श्वष्ट ्रश्व ्रहृ ई ए अ ौर भारत ड्डठ्ठस्र · द्बह्य ्रह्व्र ं ल ा ए क्चक्रह्र 3 7 प्रतिशत हिस्सा "रीब ्रहृ. रिपोर्ट · स्र अ 41 नुसार.) प्रतिशत 'ङ्घड्डद्ग द्बह्य म म ण् ा अ ाबादी ्र4ष्द्ब ाह 44 7 ञ्जद्धद्ग ्रह्रष्ठ म े' अ ख र्च चपना घर लाता ्रहृ ष्ठष्ट ए 9 न शहरी क्षे ्रश्वह्र 'म े' स्क्रह्र ह्र "" ङ्घड्डद्ग म ण् ्रश्वह्र द्बह्य 'ह्लश ष्टस्ढ्ढष्ट बेहतर म े' है'. स्स्ष्ठ 5 7 9 ्रह्रष्ठ रु म े 'चघर लाते है'. इ स लिहाज ह्लश शहरी क्षे 9 ्रश्वह्र 'म े' 25. 7 प्रतिशत ाबादी अ 'रीबी ष्ठ ख ा े च द्बह्य द्घशह्म् रहती ्रहृ.
्र4शस्र व्यक्ति ए ए ा म ष्ट्रश्व सारा ङ्घड्डद्ग ए भोजन द्बह्य व्यवस्था म े 'गुजर जाता ्रठ्ठह्व. वह जितना œ ए म ढ्ढ्रश्व्र ्रठ्ठह्व उ ्र ए ा ए ए शष्ट ़ ्रश्व हिस्सा ख ाने ्र ख र्च ए रता ्रहृ ए ष्ठड्डस्र म े 'वह शिक्षा अ ौर स्वास् थ् य ्र रु पया ख र्च नही 'ए पाता. उ ्र ्र ष्टढ्ढ दूनी रात जश चौ गम ह ं श्वश्व ा ई œ · रही ्रठ्ठह्व, ढ्ढ ्र उ · स्र ्र्रश्व ष्ठ म ए ए ए ्रश्व द्बह्य रोटी ए ा ्रश्व ्रश्वष्ट · रना ए œ ए ल म श्वड्डि ्रह्र जाता ्रहृ. ढ्ढ वह सारी परेशानियो 'अ ए ौर घर-परिवार द्बह्य ड्डश्चश्चह्म्श3 ेदारी ए ो म न ए ए ार सहज-सुलभ शराब पीने ए ो म े' रु ्रह्रष्ठ ख र्च ए ढ्ढस्रद्बड्ड ्रहृ. जदूर म व र्ग ा ए ए ए ब छोटा" ्रश्व्रश्व नशे œ ए ा अ ह्रस्ढ्ढ होता ्रठ्ठह्व, ढ्ढ · श्व म ्र हिला नशे ए ं œ ए ए ो िन िए द्ग द्ग रु प म े 'इ ए स्ढ्ढष्ठ म ्रश्व रती है'. ्रहृ्रष्ठ ए द्बह्य त ं 'द्बह्य म े' स्स्ष्ठ ्रस्ढ्ढ्र नशा ्रहृ्रष्ठ ह्रश्वष्ट ़ श्व, ं क्चक्रह्र · श्व गा ं ्र्रश्व," ुडा ख ू, '्रश्व ए ा, जर्दा ए ो अ ्रह्वद्ग ष्टढ्ढ चर्या म े 'म ल शा िलेती है' ए अ स · स्र इ ौर घात परि ण् ्रश्व्रश्व ए म अ ं ह्लश जान रहती है'. · स्र इ स तरह नशे ए अ ादी द्बह्य जाने ्रह्र ्र ्र ह्र्र ए ए प "ा ए झट देती है' िइ ए स · स्र ख ख म œ सेवन ह्लश ्रह्र जाती ्रहृ. सिर ढ्ढढ्ढ, ढ्ढढ्ढ हाथ-पैर ह्लश राहत िम ह्रढ्ढश्व ्रठ्ठह्व, ढ्ढ युवा व र्ग ए स्स् ं ब" ्रश्वष्ठ शराब नशे · स्र म े 'चूर रहते है'.
दुनिया · स्र ्र्रश्व ष्ठ म इ स स म य अ य ं त गरीबी ्रह्र्रष्ठग स ं म भीर स्शड्डद्ग ्रहृ, ष्ट्र्र ्र ोर द्बह्य अ ए ए ए ा ार ध्यान नही '· स्र बराबर ्रहृ. ्र ार योजना ए ए ं अ वश्य बनाती ्रठ्ठह्व, ्र सही ड्डठ्ठस्र · ं 'ह्लश व्याप ए चप4 ार नही' होने · स्र चढ्ढष्ठ ्र ए ए ार द्बह्य विभिन्न योजना अ ो 'ए द्बह्य जान ारी ए इ न "रीबो 'त ए नही' ्र्रश्व पाती ं चअ ए ौर ्र ार ह्लश प्रा प्त इ स म द ए ए ा ढ्ढश्वरु द्बह्य राशि ्रह्रह्र 'अ ए ह्वह्य अ ारी ौर · र्म चए ारी ह्वह्वद्बस्र है'. '· स्र त वर्ष दुनिया ्र्रश्व ष्ठ · श्व म ल िए ढ्ढश्व' भीर ं स ए ं म स्शड्डद्ग है', ्र सर्वे राया ए 'क्चक्रह्र ढ्ढ्रश्व, ष्ट्र्र म े' 23 देशो विश्व · स्र ' शा िए ो म ल ए ए ्र4शस्र द्बस्रड्डड्ड ह्लश ए·-ए· हजार ह्र "शह्म् 'ए ो इ स म ष्ठ' शा िल म ए ए सर्वे रिपोर्ट तैयार द्बह्य" ढ्ढŸव: इ ष्ट्र्र म े '7 1 प्रतिशत ह्र' शह्म् 'ह्वस्र अ य ं त गए ो रीबी ्रह्र्रष्ठ द्बह्य प4 म ख न म स्शड्डद्ग बताया ढ्ढ दूसरे बर ्र प्रदूश ण् ा ण् ा अ ौर पर्यावर रहा. लैटिन अ म ए श्व द्बह्य देशो '· स्र ह्र' शह्म् '· स्र ए ष्टह्व जलवायु परिवर्तन ढ्ढ ङ्घड्डद्ग · स्र िम ह्र' शह्म् 'ए ़ द्बह्य शष्ट द्बह्य ्रह्र्रष्ठ िचœ म ं ढ्ढ्रश्व ारियो' ए ा श्वहृ लाव ्रहृ. िए ं अ ढ्ढश्व भारत ौर पा िए ए ढ्ढ स्तान ष्ठड्डस्र द्बस्रड्डड्ड है' जहा · स्र ं ह्र "य अ ं तग œ रीबी ह्लश "भीर ं स म स्शड्डद्ग ्रश्वढ्ढ अ ं ए ए ो म वाद ानते है', ्रह्रष्ट ए अ <य देशो '· स्र ए ष्टह्व ह्र्र ्र्रश्व स्स्ष्ठ ं च' ख्न 4 म ्र ्रठ्ठह्व, ढ्ढ छठे' ख्न 4 म ्र जलवायु परिवर्तन. इ स सर्वे ह्लश साफ जाहिर ्रहृ ि ए ए भारत ्र ार अ ा म अ ौर ्रश्व 'ष्ट ए œ यही ानता ्रहृ म िए अ ए ं ्रश्वढ्ढ वाद · स्र म ्र्रश्व ष्ठ' रीबी ए ुद्दा न म ा गण् य ए ए म ्रहृ ्रह्रष्ट श्चद्ग अ ा ई म ्रश्व्र बनाने वाले विशेष ्रश्वह्र ज्ञ् 'ए द्बह्य रिपोर्ट म े' छत्तीस 'ड्डठ्ठस्र · रा ... य म े'ग रीबो 'ए द्बह्य क्चक्रह्र बहुतायत ं स म े '्रठ्ठह्व.
छत्तीस 'ड्डठ्ठस्र · रा ... य ्र ष्ट्र्रष्ठ ह्रह्वस्र · श्व ्रह्वद्ग वर्ष ्रश्व ए है' ौर ह्र्र रा ... य अ ल गष्टस्स् ातार ए ए ्रश्व्र द्बह्य ोर अ अ' ्रसर ्रह्र रहा ्रठ्ठह्व · स्र ष्टह्व ए क्वरीबी हटा अ ह्र ए ए म म य द्बह्य ुद्दा शह्व श् ए ढ्ढ्रश्व ्रहृ. ्र रा ... य ए ार, ह्रष्टढ्ढ ्रष्ठ अ ए ो श्रेष्ठï रा ... य ए ण् श्वश्वश्व द्बह्य श्रे म े 'लाना चाहता ्रठ्ठह्व, ढ्ढ "रीबी दूर ो ए ए ए रने द्बह्य दिशा म े' िए ए िन-न योजना ्रश्वष्ठ अ 'ए ्रश्व ो गू ए ' रीबो 'ए द्बह्य अ ा म ढ्ढश्व म े' ा ए इ जाफ रना ्रह्र" ा, च्र ्रह्र ्रश्व ्रह्र 'अ ा उ ौर ्रष्ठ सही हाथो' म े 'ए सौ'प ए ए ार्य रना ्रह्र' ा. "रीबी · ष्ठ œ ़ द्बस्र '्राफ ए ो ख म ए रने ्र ए ार ए ो ख ्रद्गद्य पदार्थों, स्वास् थ् य अ ौर शिक्षा ्र अ तिरिक्त राशि ख र्च ए रना ्रह्र' ा. डदशा इ स म े 'ए पहल रने · स्र ए ष्टह्व रक्षा ह्र्र्र म े' ए ए उ टौती ्र राशि ए ो गरीबो '· स्र ए ड्डह्व ल्या ण् ा म े' लग ाने ए म ा ं द्बह्य क्वउ ठ रही ्रहृ.
"रीबी ए ए द्बह्य सर्वाधि ार म म अ ्रश्वष्ठ हिला 'अ ब ौर" ्रश्वह्र' ्र ्रष्ट · ह्रढ्ढश्व ्रहृ. म हिला ए ं पहले अ ्रष्ठ परिवार · स्र ्रश्वरु ्रश '· स्र भोजन व द्ग ख-सुविधा ्र ध्यान ख ढ्ढश्व है' श्वष्ट दूसरे ख्न 4 म ्र अ ्रष्ठ श्चद्ग 9 ा ए ो ख द्बद्ग' ड्डठ्ठ ' पश्चात बेटियो 'ए म ा ख्न 4 अ उ ढ्ढ्रश्व्र ्रहृ ्र बाद स्स्स् · स्र ं य · स्र ष्टह्व ए च्रह्र है' ढ्ढश्व. इ ए ह्लश ्रह्वि श्व ्रहृ िइ ए <्रह्वद्ग 'म े' ड्डह्ल उ म अ ्रश्वष्ठ हिला 'ए अ ए ो चुना ्र्रश्व ौर उ <ए हे' प्रशिक्षित हिला स्वास्थ म र्ए ियो म '· स्र रु प म े' ए ढ्ढष्ठ नियुक्ति ा ए म ए ·् यो' िष्टह्र्र ्र्रश्व ्रश्व्र œ ए अ 'ङ्घड्डद्ग द्बह्य म ण् ा 9 क्षे ्रश्वह्र' म े 'म ए हिला ं ए अ पार परि ौर ्र्रश्व ्रश्वष्ट्र म ए ब ं ढ्ढह्र '· स्र ए ण् ा ार ्रश्वरु ष ·् डा टरो' ए ए ं द्बह्य सेवा नही 'लेती. ष्ठड्डस्र ए म े 'शह्म् प्रशिक्षित हिला म इ ए ं न ए म ढ्ढढ्ढ द्बह्य "ार साबित ्रह्र स ए ढ्ढश्व है', ्रह्र इ <थ् य हे' स्वास्, ्रश्व ा ई ्रहृ्रष्ठ ष्टस्स््र ्र ्र्रश्व" ञ्जद्धद्ग ए ए ष्ठ. इ श्चद्ग तरह शिक्षा œ ़ ो ए ावा देने · स्र ए इ न म ष्टह्व हिला अ ो '· द्बह्य सेवा ए ं स ए ी ्र्रश्व है' ढ्ढश्व. शिक्षा, स्वास् ौर थ् य अ अ ए ढ्ढ उ पयो िद्बह्य "ढ्ढ्रश्व शह्म् ्रश ए त ए ए इ न अ ोॢि" रीबो 'ए ो नही' ्र्रश्व झाया स म ए गा ढ्ढ त ए ग रीब ौर अ 'ए रीब ्रह्र शह्म् -रे' म ह्य म' े इ न परिस्थितियो क्चक्रह्र 'ए म ा ्र्रश्व ्रश्व नही' ए ्र पाने अ ा म अ ोर द्बह्य हया ए अ '्रसर ्रह्र '"े ·् यो' िए ' रीबी, ्रह्वद्ग शिक्षा अ िए द्ग व्यक्ति ो अ ए ए सहाय होने द्बह्य ष्टस्ढ्ढष्ट म े 'अ ा म हया ए ए रने प्रेरित रता ्रठ्ठह्व, ढ्ढ ष् · श्चद्ग ए ए ो अ परा0 शशि ्र "निध रने जबूर म ए रता ्रहृ.
हा

7 comments:

  1. आपके ब्लॉग को देखकर लगता है कि आपको हिन्दी में अपनी रचना डालने में परेशानी हो रही है। मैं आपको कुछ सुझाव दे सकता हँू।
    डॉ. पुरुषोत्तम मीणा 'निरंकुश'
    लेखक जयपुर से प्रकाशित पाक्षिक समाचार-पत्र प्रेसपालिका के सम्पादक, होम्योपैथ चिकित्सक, मानव व्यवहारशास्त्री, दाम्पत्य विवादों के सलाहकार, विविन्न विषयों के लेखक, टिप्पणीकार, कवि, शायर, चिन्तक, शोधार्थी, तनाव मुक्त जीवन, लोगों से काम लेने की कला, सकारात्मक जीवन पद्धति आदि विषयों के व्याख्याता तथा समाज एवं प्रशासन में व्याप्त नाइंसाफी, भेदभाव, शोषण, भ्रष्टाचार, अत्याचार और गैर-बराबरी आदि के विरुद्ध राष्ट्रीय स्तर पर संचालित संगठन-भ्रष्टाचार एवं अत्याचार अन्वेषण संस्थान (बास) के मुख्य संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष भी हैं। जिसमें तक 4399 रजिस्टर्ड आजीवन कार्यकर्ता देश के 17 राज्यों में सेवारत हैं। फोन नं. 0141-2222225 (सायं 7 से 8 बजे)। Email : dr.purushottammeena@yahoo.in

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  2. ब्‍लॉग्‍स की दुनिया में मैं आपका खैरकदम करता हूं, जो पहले आ गए उनको भी सलाम और जो मेरी तरह देर कर गए उनका भी देर से लेकिन दुरूस्‍त स्‍वागत। मैंने बनाया है रफटफ स्‍टॉक, जहां कुछ काम का है कुछ नाम का पर सब मुफत का और सब लुत्‍फ का, यहां आपको तकनीक की तमाशा भी मिलेगा और अदब की गहराई भी। आइए, देखिए और यह छोटी सी कोशिश अच्‍छी लगे तो आते भी रहिएगा


    http://ruftufstock.blogspot.com/

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  3. कुछ भी नहीं पढ़ा जा सकता इसलिए समझना तो दूर की बात है

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  4. इस सुंदर से नए चिट्ठे के साथ आपका हिंदी ब्‍लॉग जगत में स्‍वागत है .. नियमित लेखन के लिए शुभकामनाएं !!

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  5. पढ़ने में नहीं आ रहा है ,समझें क्या । ठीक कर लीजिये ।

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  6. ब्‍लागजगत पर आपका स्‍वागत है ।

    किसी भी तरह की तकनीकिक जानकारी के लिये अंतरजाल ब्‍लाग के स्‍वामी अंकुर जी, हिन्‍दी टेक ब्‍लाग के मालिक नवीन जी और ई गुरू राजीव जी से संपर्क करें ।

    ब्‍लाग जगत पर संस्‍कृत की कक्ष्‍या चल रही है ।

    आप भी सादर आमंत्रित हैं,
    http://sanskrit-jeevan.blogspot.com/ पर आकर हमारा मार्गदर्शन करें व अपने सुझाव दें, और अगर हमारा प्रयास पसंद आये तो हमारे फालोअर बनकर संस्‍कृत के प्रसार में अपना योगदान दें ।
    धन्‍यवाद

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